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शूद्र उपाधि पर वाद-विवाद
April 21, 2020 • Mr. Pan singh Argal (Dr. PS Bauddh)

🔥आठवां एपिसोड,शाम,दिनांक20-04-2020🔥
*🔥शूद्र उपाधि पर वाद-विवाद 🔥* 
               दिनांक 04-03-2019
03/03 12:17 pm] Yadav Shiv Bachan Up: सर मैं शिव बचन यादव प्रवक्ता आज़मगढ़ का मूल निवासी हूँ बुलंदशहर में पोस्टेड हूँ।सर आप अपना सरनेम शूद्र लिखते है क्यों ? वस् जानने की जिज्ञाषा है।

[03/03 12:32 pm] Shivshankar Singh: *धन्यवाद भाई साहब। जब मै ब्राह्मण, क्षत्रिय, वैश्य नही हो सकता, तो चौथा वर्ण शूद्र ही हमारे लिए बचता है ।* 
[03/03 12:56 pm] Yadav Shiv Bachan Up: सर यह मेरे प्रश्न का उत्तर नहीं है शुद्र नाम ब्राह्मणों के द्वारा दिया गया है आप उसी को स्वीकार कर रहे है और उ प्र में यादवों को यह समझाना की वे शुद्र है बहुत कठिन है। क्या शुद्र के स्थान पर कोई दूसरा मौलिक नाम नहीं हो सकता?

[03/03 9:06 pm] Shivshankar Singh: *ब्राह्मण और शूद्र हर नागरिक के ब्लड के हार्मोंस मे सदियो से घुसा हुआ है । नाम किसने दिया यह महत्व नही है । हमारे पूर्वजो के नाम भी घृणित जाति के आधार पर रखे जाते थे आज भी है जब वही IAS वनता है तो नाम पूज्यनीय हो जाता है। शूद्र,  शासन आते ही पूज्यनीय हो जायेगा ।* 
    **भाई साहब शूद्र शब्द मे अपमान की धधकती बारूद है। जो मूलनिवासी, बहुजन या दलित शब्द मे नही है। बस यहसास करने  की जरूरत है। सिर्फ इसी शूद्रवाद से ब्राह्मणवाद खत्म होगा। लोहे से ही लोहे को काटा जा सकता है। यदि हिन्दू धर्म के ब्राह्मणवाद को टक्कर देकर  मात देनी है तो हिन्दू धर्म के दिए उसी के लवेदी हथियार को प्रयोग करना होगा। यदि पहाड़ी से रास्ता बनाना है तो पहाड़ी पर ही बम्ब फेंकना होगा, समुद्र मे नही।* 
      **आज तक ब्राह्मणवाद को सीधे टक्कर देने के बजाय, उससे भागने मे लोगो ने भलाई समझा और वह और मजबूत होता गया।  पहले बहुजन शब्द को भी चमार या अछूत से नवाजा गया था। पावर आते ही पवित्र हो गया।* 
     *तीन साल पहले जब मै शूद्र की उपाधि लिखना शुरू किया और "गर्व से कहो हम शूद्र है" सम्बोधित किया तो, OBC समाज मे जबरदस्त प्रतिक्रिया हुई,  यादव लोग मुझे, तू च--, भ-- है ,आदि, तू यादवो के लिए कलंक है, नाम बदल दे, मुसलमान बन जा, बौद्ध बन जा आदि, कभी ग्रूप से निकाल देते फिर रख लेते। मैने कभी भी बुरा नही माना, क्योंकि मैने एक सामाजिक अपराध करने की जुर्रत की थी। मै बहुत सोच समझकर, परिणाम जानते हुए, अपने नाम के पहले शूद्र उपाधि लगाकर, फिर मिशन शुरू किया था। इसीलिये विरोधियो को प्यार से समझाता रहा।* 
   *आज सिर्फ यादवो की 7-8 वाट्स अप ग्रूप मे लोगो ने मान-सम्मान के साथ मुझे जोड़ा है और अब कही से कोई बिरोध नही है। धन्यवाद ।* 

[03/03 11:01 pm] Yadav Shiv Bachan Up: *आप का क्रांतिकारी  विचार आकर्षित करता है।👍👍👍* 
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